रूस समाचार

Pussy Riot Members रूस का एक म्यूजिक बैंड अपने गानों से ज्यादा विरोध प्रदर्शन के लिए क्यों सुर्खियों में है। ये ग्रुप रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और चर्च के कट्टरपंथ के खिलाफ आवाज उठाने के कारण ज्यादा सुर्खियों में रहा .

Russia Ukraine War सोमवार तड़के यूक्रेन (Ukraine) की राजधानी कीव और आसपास के क्षेत्रों में जोरदार धमाकों की आवाजें सनी गई हैं। ये स्पष्ट नहीं हो पाया है कि धमाके वायु रक्षा प्रणाली के थे जो ड्रोन को नष्ट कर रहे थे या फिर लक्ष.

यूक्रेन की सीमा से सटे दक्षिणी रूसी शहर बेलगोरेद में गोलीबारी से एक व्यक्ति की मौत हो गई और चार लोग घायल हो गए। बेलगोरेद शहर यूक्रेनी सीमा के निकट है जहां गोलीबारी की घटना हुई है। Photo- AP

Russia Ukraine War रूस-यूक्रेन में युद्ध खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है। इस बीच रूस ने यूक्रेन पर एक बार फिर बड़े स्तर पर हमला किया है। रूसी सेना ने यूक्रेन पर ताबड़तोड़ 70 से अधिक मिसाइलें दागीं है।

Ukraine War: रूस ने यूक्रेन से सैनिकों की वापसी का प्रस्ताव किया खारिज, कहा- वास्तविकता करनी होगी स्वीकार

रूस ने मंगलवार को यूक्रेन के राष्ट्रपति व्लोदिमिर जेलेंस्की के शांति प्रस्ताव को खारिज कर दिया। दरअसल यूक्रेन के शांति प्रस्ताव में रूसी सैनिकों की वापसी शामिल थी। इसे खारिज करते हुए रूस ने कहा कि यूक्रेन को अब वास्तविक और व.

सुरक्षा परिषद के गैर-स्थायी सदस्य के रूप में भारत का मौजूदा दो साल का कार्यकाल दिसंबर में समाप्त होगा।भारत वर्तमान में 15 देशों की परिषद की अध्यक्षता कर रहा है। रूस ने भारत की जमकर तारीफ की है और UNSC में स्थायी सदस्यता के लि.

पूर्व राष्ट्रपति मेदवेदेव ने कहा- अमेरिका सहित कई दुश्मनों से एक साथ निपटने के लिए रूस बना रहा आधुनिक हथियार

रूस के पूर्व राष्ट्रपति दिमित्री मेदवेदेव ने कहा कि देश यूरोप अमेरिका और आस्ट्रेलिया जैसे दुश्मनों से खुद को बचाने के लिए नई पीढ़ी के हथिइयारों का उत्पादन तेजी से कर रहा है। उन्होंने कहा कि हम शक्तिशाली हथियारों का उत्पादन कर.

India-Russia annual summit प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी इस वर्ष रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ वार्षिक शिखर सम्मेलन के लिए रूस की यात्रा नहीं करेंगे। बता दें कि भारत अगले साल सितंबर 2023 में जी-20 शिखर सम्मेलन का आयोज.

यूक्रेन युद्ध ने टाली भारत और रूस की शिखर वार्ता, सरकार ने घोषित नहीं किया PM मोदी के दौरे का कार्यक्रम

PM Modi Russia Visit प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की शिखर वार्ता के संबंध में पूछे गए सवाल का भारतीय विदेश मंत्रालय और नई दिल्ली में रूसी दूतावास ने कोई जवाब नहीं दिया है।

रूस यूक्रेन के बीच चल रहे जंग को 9 महीने से ज्यादा का वक्त हो चुका है। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने बुधवार को साफ कर दिया कि यूक्रेन में उनकी सेना की कार्रवाई लंबे समय तक जारी रहेगी।

Russia-Ukraine War: रूस ने कहा- रोज शिखर बना रहा शेयर बाजार यूक्रेन में शांति समझौते पर अमेरिका से सहमत, वार्ता को लेकर अभी कोई कदम नहीं

रूस ने मंगलवार को कहा कि वह यूक्रेन में स्थायी शांति की जरूरत को लेकर अमेरिका के साथ सहमत हो सकता है लेकिन जब तक यूक्रेन में वह अपने विशेष सैन्य अभियान के लक्ष्यों को प्राप्त नहीं कर लेता तब तक वार्ता की कोई गुंजाइश नहीं है।.

रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन यूक्रेन में युद्ध समाप्ति पर वार्ता को तैयार, सेना हटाने से किया इन्कार

रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन यूक्रेन में युद्ध समाप्ति पर बात करने के लिए तैयार हैं लेकिन इसके लिए पश्चिमी देशों को रूस की कुछ मांगें माननी होंगी। यह बात रूसी राष्ट्रपति के क्रेमलिन कार्यालय ने कही है। फोटो- एपी।

रूस में वैज्ञानिकों ने 48,500 साल पुराने Zombie Virus को जिंदा किया, दुनिया में फिर से आ सकती है नई महामारी

Zombi Virus रूस में फ्रांस के वैज्ञानिकों ने 48 हजार 500 साल पुराने जाम्बी वायरस को फिर से जिंदा किया है। फ्रांसीसी वैज्ञानिकों ने आशंका जताई है कि इससे दुनिया में फिर से नई महामारी आ सकती है।

रूस के पूर्व राष्ट्रपति दिमित्री मेदवेदेव ने यूक्रेन को पैट्रियट सिस्टम की आपूर्ति करने पर NATO को दी चेतावनी

Russia Ukraine War रूस के पूर्व राष्ट्रपति दिमित्री मेदवेदेव ने यूक्रेन को पैट्रिक मिसाइल रक्षा प्रणाली देने को लेकर चेतावनी दी है। उन्होंने यह भी कहा कि नाटो को एक आपराधिक इकाई के रूप में भंग कर देना चाहिए। (फोटो- रायटर)

खेरसान से रूस के जवानों के चले जाने के बाद अब धीरे-धीरे यहां की कई बातें सामने आ रही हैं। अब पता चला है कि यहां पर रूस ने कई टार्चर हाउस बना रखे थे। इनमें कई लोगों को बंधक बनाकर रखा गया।

Russia Ukraine War: रूसी सेना के पास नहीं हैं पर्याप्त डाक्टर और सैनिक, यूक्रेन के खिलाफ जंग जीत पाएंगे पुतिन?

Russia Ukraine War रूस के सबसे प्रमुख राष्ट्रवादी राजनेताओं में से एक ने कहा कि रूसी सेना के पास पर्याप्त संख्या में डॉक्टर नहीं हैं। उन्होंने यूक्रेन में लड़ाई के लिए जुटे सैनिकों की माताओं के साथ एक बैठक में एक संदेश दिया।

Earthquake in Russia रूस के सेवेरो-कुरिल्स्क शहर में रविवार को भूकंप के झटके महसूस किए गए। रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 5.0 तीव्रता मापी गई। भूकंप से किसी के हताहत होने की अभी तक कोई सूचना नहीं मिली है।

दो माह में धड़ाम हो जाएगा रूस का विमानन उद्योग! यूक्रेन युद्ध की वजह से परेशानी झेल रही एयरलाइंस कंपनियां

रूस और यूक्रेन युद्ध की वजह से मास्‍को पर लगे प्रतिबंधों का साया अब वहां के विमानन उद्योग पर भी पड़ता दिखाई दे रहा है। मेंटेनेंस और स्‍पेयर पार्ट्स की कमी से ये उद्योग धड़ाम होने की कगार पर पहुंच गया है।

यूक्रेन के खिलाफ जंग में रूस को अपनी जीत का पूरा भरोसा, मास्‍को ने यूरोपीय संसद को कहा- Sponsor of Idiocy)

राष्‍ट्रपति पुतिन के अरमेनिया दौरे पर मास्‍को ने कहा है कि उसे यूक्रेन में अपनी जीत का पूरा भरोसा है। रूस का कहना है कि भविष्‍य में उनकी जीत निश्चित है। रूस के विदेश मंत्रालय ने यूरोपीय संसद को मूर्ख भी कहा है।

Russia-Ukraine War: फरवरी से अब तक रूस ने यूक्रेन पर दागीं 4,700 अधिक मिसाइलें, राष्‍ट्रपति जेलेंस्‍की का दावा

यूक्रेन के राष्‍ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्‍की ने कहा है कि रूस ने यूक्रेन पर हमले की शुरुआत से अब तक 4700 से अधिक मिसाइलें दागी हैं। इनमें भारी संख्‍या में जान-माल का नुकसान हुआ है। देश की बड़ी आबादी अंधेरे में है।

Dividend Stocks: पोर्टफोलियो में हैं ये 5 स्टॉक्स तो हो जाएगी मौज, मिलेंगे जबरदस्त डिविडेंड - नोट कर लें रिकॉर्ड डेट

BSE पर उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक 16 नवंबर को 2150 शेयर लाल निशान में बंद हुए, जबकि 1387 शेयरों में मजबूती देखने को मिली. इस दौरान 135 शेयरों ने 52 हफ्तों के नए शिखर छुआ.

कमाई की तलाश में अगर रोज शेयर मार्केट में डिविडेंड देने वाली कंपनियों की तलाश में हैं, तो आपके लिए खुशखबरी है. 17 नवंबर यानी गुरुवार को 5 कंपनियों का एक्स-डिविडेंड डेट है. इन कंपनियों ने अपने शेयरहोल्डर्स के लिए डिविडेंड का ऐलान किया है. वैसे भी अगर सुस्त बाजार में खाते में डिविडेंड आ जाए तो सोने पर सुहागा का काम हो जाएगा. तो अब इन कंपनियों के नाम और अहम तारीख नोट कर लीजिए.

Page Industries Dividend

एक्स-डेट 17 नवंबर
रिकॉर्ड डेट 18 नवंबर
अंतरिम डिविडेंड 70 रुपए प्रति शेयर

Sundaram Fasteners Dividend

एक्स-डेट 17 नवंबर
रिकॉर्ड डेट 18 नवंबर
अंतरिम डिविडेंड 3.57 रुपए प्रति शेयर

MRF Dividend

एक्स-डेट 17 नवंबर रोज शिखर बना रहा शेयर बाजार
रिकॉर्ड डेट 18 नवंबर
अंतरिम डिविडेंड 3 रुपए प्रति शेयर

Gabriel India Dividend

एक्स-डेट 17 नवंबर
रिकॉर्ड डेट 18 नवंबर
अंतरिम डिविडेंड 90 पैसा प्रति शेयर

IRFC Dividend

एक्स-डेट 17 नवंबर
रिकॉर्ड डेट 18 नवंबर
अंतरिम डिविडेंड 80 पैसा प्रति शेयर

FIIs की बिकवाली से दायरे में बाजार

शेयर बाजार में बुधवार को लगातार तीसरे दिन सपाट कारोबार देखने को मिला. हालांकि, बाजार के प्रमुख इंडेक्स नए शिखर पर पहुंच गए हैं. सेंसेक्स 61900 और बैंक निफ्टी 42500 के पार बंद हुए. वहीं निफ्टी भी 18400 के अहम स्तरों के पार बंद हुआ है. बाजार में विदेशी निवेशकों की बिकवाली से तेजी नहीं लौट रही है. ऐसे में केवल खबरों वाले शेयरों में एक्शन देखने को मिल रहा. बता दें कि 16 नवंबर को FIIs ने 386 करोड़ रुपए के शेयरों की बिकवाली की. वहीं, DIIs ने 1437 करोड़ रुपए के शेयरों की खरीदारी की.

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बाजार में बिकवाली का असर

BSE पर उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक 16 नवंबर को 2150 शेयर लाल निशान में बंद हुए, जबकि 1387 शेयरों में मजबूती देखने को मिली. इस दौरान 135 शेयरों ने 52 हफ्तों के नए शिखर छुआ. बाजार में हल्की मजबूती से लिस्टेड कंपनियों का कुल मार्केट कैप भी बढ़कर 284 लाख करोड़ रुपए के पार पहुंच गया है.

सोना कितना सोना है, यह समझ कर पैसे लगाएं

पिछले कुछ दिनों में सोना 42,000 रुपये के उच्च शिखर को छू चुका है। पिछले एक साल में सोने के भाव में लगभग 25% की बढ़ोतरी देखी गई है। बड़ा सवाल यह है कि इतने ऊंचे भाव पर क्या निवेशकों को इसमें निवेश करना चाहिए।

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हाइलाइट्स

  • पिछले एक साल में सोने के भाव में लगभग 25% की बढ़ोतरी देखी गई
  • बीते कुछ दिनों में 42,000 रुपये के उच्च शिखर को छू चुका है सोना
  • बड़ा सवाल यह है कि इतने ऊंचे भाव पर क्या निवेशकों को इसमें निवेश करना चाहिए
  • अडवाइजर्स अभी भी सोने में निवेशकों को सोने में निवेश करने का दे रहे हैं बढ़ावा

पोर्टफोलियो डायवर्सिफायर है सोना
म्यूचुअल फंड मैनेजर्स का मानना है कि सोने में निवेश बरकरार रखना स्ट्रैटिजिक तथा टैक्टिकल दोनों ही कारण हैं। उनके अनुसार सोना पोर्टफोलियो डायवर्सिफायर के तौर पर काम करता है और वैश्विक अर्थव्यवस्था में कई तरह की अनिश्चितताओं के देखते हुए इसमें निवेश बरकरार रखना समझदारीभरा कदम है।

आर्थिक सुस्ती में रिटर्न सुनिश्चित

क्वांटम म्यूचुअल फंड में अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट के फंड मैनेजर चिराग मेहता ने कहा, 'वैश्विक अर्थव्यवस्था के नजरिये से हमारा मानना है कि सोने में निवेश बरकरार रखने का अभी भी कारण है। जिन निवेशकों ने इसमें निवेश नहीं किया है, उन्हें इसमें निश्चित तौर पर इन्वेस्ट करना चाहिए। इसका सबसे आसान तर्क गोल्ड का एक डायवर्सिफायर के रूप में काम करना है। जब वैश्विक अर्थव्यवस्था में उथल-पुथल मचती है और निवेश के अन्य साधनों से कमाई नहीं होती है, तब सोने कमाल दिखाता है और इसमें तेजी आती है। दूसरी बात, दुनियाभर में कई तरह की अनिश्चितताओं का दौर चल रहा है, जिसके कारण गोल्ड में निवेश समझदारी वाला कदम बन जाता है।'

अभी भी कम है भाव
उन्होंने कहा, 'इसके अलावा, हमें नहीं लगता कि अभी जो सोने का भाव है वह बहुत ऊपर चला गया है, क्योंकि यह तेजी रुपये में कमजोरी की वजह से है और यह साल 2011 के अपने शिखर से अभी भी काफी पीछे है।' डॉलर में सोने की कीमत की बात करें तो अगस्त 2011 में यह प्रति औंस 1,900 डॉलर को पार कर गया था, जबकि वर्तमान में यह 1,500 डॉलर प्रति औंस के आसपास है। मेहता का मानना है कि वैश्विक अर्थव्यवस्था में गिरावट के मौजूदा जोखिमों के मद्देनजर, अगला कुछ महीना सोने के निवेशकों के लिए शानदार होने जा रहा है।

और ऊपर जाएगा सोना
चिराग कहते हैं, 'चीन में फैले करॉना वायरस की वजह से वैश्विक अर्थव्यवस्था में सुस्ती की उम्मीद बढ़ गई है, जिसके कारण शेयर बाजार में अस्थिरता बढ़ेगी और सोने की मांग में इजाफा होगा। साथ ही, अधिकतर केंद्रीय बैंकों के पूरे साल उदार रुख बरतने की संभावना है, जिससे सोने के निवेशकों को फायदा होता रहेगा।'

हालांकि, संयम की भी जरूरत
आने वाले समय में सोने का परिदृश्य सकारात्मक रहने के बावजूद म्यूचुअल फंड अडवाइजर्स निवेशकों को सोने में एक सीमा से ज्यादा निवेश न करने की सलाह देते हैं। वह कहते हैं कि निवेश करने से पहले निवेशकों को अपने लक्ष्य के प्रति सुनिश्चित होना पडे़गा।

Stock Market Closing : तीन दिनों की बिकवाली के बाद संभला बाजार, सेंसेक्स 300 अंक चढ़ा, निफ्टी 17600 के पार

स्टॉक मार्केट की शुरुआत आज सुबह गिरावट के साथ हुई थी.

स्टॉक मार्केट की शुरुआत आज सुबह गिरावट के साथ हुई थी.

शेयर बाजार की शुरुआत आज भले ही गिरावट के साथ हुई हो लेकिन कारोबार बढ़ने के रोज शिखर बना रहा शेयर बाजार साथ-साथ मार्केट भी ऊपर चढ़ा. खरीदारों की वाप . अधिक पढ़ें

  • News18Hindi
  • Last Updated : September 19, 2022, 16:38 IST

हाइलाइट्स

शेयर बाजार की शुरुआत आज हल्की गिरावट के साथ हुई लेकिन बाद बुल्स ने अपनी पकड़ मजबूत कर ली.
सेंसेक्स 300 अंकों की बढ़त और निफ्टी 90 से अधिक अंकों की तेजी के साथ बंद हुआ.
आज लगभग सभी सेक्टोरल इंडाइसेज ने बेहतर प्रदर्शन किया और हरे निशान पर बंद हुए.

नई दिल्ली. पिछले तीन कारोबारी सत्रों की गिरावट के बाद एक बार फिर शेयर बाजार को तेजड़ियों का समर्थन मिला और सोमवार सुबह गिरावट के साथ शुरुआत करने के बावजूद बाजार ने अच्छी वापसी की. 30 शेयरों वाला सेंसेक्स आज 300 अंक (0.51 फीसदी) चढ़कर 59,141.23 और एनएसई का निफ्टी 91 अंकों (0.52 फीसदी) की तेजी के साथ 17,622.25 के स्तर पर बंद हुआ.

शेयर बाजार ने सोमवार को बिकवाली के दबाव में ही कारोबार की शुरुआत की थी. वैश्विक बाजारों से संकेत लेते हुए सेंसेक्स 94 अंक लुढ़ककर 58747 के स्तर पर खुला. हालांकि, निफ्टी ने लगभग फ्लैट होकर 8 अंकों की बढ़त के साथ 17540 अंकों के स्तर पर कारोबार करना शुरू किया. इसके बाद भी कुछ देर तक बिकवाली का माहौल रहा लेकिन करीब 10 बजे बाजार ने रुख पलट दिया.

अलग-अलग सेक्टर के इंडेक्स
आज सबसे ज्यादा उछाल एफएमसीजी और मीडिया के शेयरों में देखने को मिला. अलग-अलग सेक्टर के इंडेक्स की बात करें तो मेटल, कंज्यूमर ड्यूरेबल और रियल्टी को छोड़कर बाकी सभी इंडेक्स हरे निशान पर रहे. निफ्टी मीडिया (1.39 फीसदी) आज सर्वाधिक उछला. इसके अलावा निफ्टी एफएमसीजी (1.07 फीसदी), निफ्टी ऑटो (0.92 फीसदी), निफ्टी फाइनेंशियल सर्विस 0.66 फीसदी) और निफ्टी आईटी (0.39 फीसदी) उछला.

टॉप गेनर व टॉप लूजर
आज निफ्टी पर महिंद्रा एंड महिंद्रा (3.39 फीसदी), बजाज फाइनेंस (3.14 फीसदी), अडानी पोर्ट्स (2.64 फीसदी), एसबीआई लाइफ (2.57 फीसदी) और हिन्दुस्तान यूनिलीवर (2.05 फीसदी) के साथ सर्वाधिक मुनाफे वाले शेयर रहे. वहीं, टाटा स्टील (-2.37 फीसदी), टाटा मोटर्स (-1.62 फीसदी), जेएसडब्ल्यू स्टील (-1.39 फीसदी), ब्रिटानिया (-1.27 फीसदी) और पावरग्रिड (-1.08 फीसदी) ने निवेशकों को सबसे अधिक नुकसान कराया.

वैश्विक बाजारों में गिरावट के बावजूद यहां तेजी क्यों?
कोटक सिक्योरिटीज के हेड ऑफ इक्विटी रिसर्च (रिटेल), श्रीकांत चौहान ने कहा है कि मार्केट अभी भी बेहद अनिश्चित परिस्थिति में है. उन्होंने कहा कि लगातार गिरावट के बाद ये तेजी निवेशकों को राहत की सांस लेने का मौका देगी. बकौल चौहान, अधिकांश यूरोपीयन और एशियाई बाजारों में गिरावट के बावजूद आज आई बाजार में तेजी का कारण पिछले हफ्ते की गिरावट है. उन्होंने कहा कि शेयरों की कम कीमतों ने निवेशकों को उनमें पैसा लगाने के लिए आकर्षित किया.

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Share Market: पिछले हफ्ते लाल निशान में बंद हुआ था बाजार, अब कैसी रहेगी आगे की चाल?

Stock Market: शेयर बाजार में हर दिन कुछ न कुछ नया देखने को मिलता है. अब बाजार में काफी उतार-चढ़ाव भी देखने को मिल रहा है. आइए जानते हैं आने वाले हफ्ते में कैसी रहेगी बाजार की चाल.

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Share Market: पिछले हफ्ते लाल निशान में बंद हुआ था बाजार, अब कैसी रहेगी आगे की चाल?

Share Market Update: शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव बना हुआ है. मार्केट में हर रोज कुछ न कुछ नया देखने को मिलता है. वहीं बीते शुक्रवार को शेयर बाजार लाल निशान में बंद हुआ. अब निवेशक नए कारोबारी हफ्ते में मार्केट की चाल समझने में लगे हुए हैं. इस हफ्ते शेयर बाजार में कई फैक्टर्स देखने को मिलेंगे, जो बाजार पर असर डाल सकते हैं. शेयर बाजार में इस हफ्ते वैश्विक रुझानों काफी असर डाल सकते हैं. इसके अलावा विदेशी निवेशकों के रुख और रुपये की चाल से भी बाजार की दिशा तय होगी. विश्लेषकों ने यह बात कही.

बाजार की दिशा

स्वास्तिका इंवेस्टमार्ट लिमिटेड के शोध प्रमुख संतोष मीणा ने कहा, ''इस सप्ताह अगस्त महीने के वायदा एवं विकल्प (F&O) सौदे पूरे होंगे, जहां तेजड़िए अगस्त सीरीज में बढ़त के बाद आराम की तलाश में हैं.'' उन्होंने कहा, ‘‘इस रोज शिखर बना रहा शेयर बाजार सप्ताह बहुत अधिक घटनाएं नहीं हैं, लेकिन वैश्विक संकेत, अगस्त महीने के एफएंडओ सौदे और एफआईआई का रुख बाजार की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण होंगे.’’

इन पर होगा ध्यान

पिछले दिनों कंपनियां अपने तिमाही नतीजे घोषित कर रही थी. अब लगभग सभी कंपनियों के तिमाही नतीजे आ चुके हैं और अब बाजार का ध्यान चीन-अमेरिका के बीच भू-राजनीतिक तनाव और रूस-यूक्रेन संघर्ष के अलावा कच्चे तेल के रुख पर भी होगा. बता दें कि शुक्रवार को सेंसेक्स 651.85 अंक (1.08%) गिरकर 59,646.15 पर बंद हुआ. वहीं निफ्टी 198.05 अंक (1.10%) गिरकर 17,758.45 पर बंद हुई.

इन पर भी नजर

रेलिगेयर ब्रोकिंग लिमिटेड के उपाध्यक्ष (शोध) अजीत मिश्रा ने कहा कि इस सप्ताह वायदा सौदों के निपटान के लिए प्रतिभागी व्यस्त रहेंगे. इसके अलावा अमेरिका से वैश्विक संकेत और विदेशी निवेश की आवक पर भी बाजार की नजर रहेगी. पिछले हफ्ते सेंसेक्स 183.37 अंक या 0.30 प्रतिशत और निफ्टी 60.30 अंक या 0.34 प्रतिशत चढ़ा. (इनपुट: भाषा)

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